हरियाणा के करनाल में नकली सोने के कारोबार से जुड़ा एक बड़ा मामला सामने आया है। इस मामले में डीएसपी राजीव कुमार ने प्रेसवार्ता कर जांच से जुड़े अहम खुलासे किए।
पुलिस के अनुसार, एक ही परिवार के सदस्य मिलकर ज्वेलरी शोरूम को निशाना बना रहे थे। अब तक इस केस में 8 लोगों की संलिप्तता सामने आई है, जिनमें से 2 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है, जबकि बाकी 6 की तलाश जारी है।
गिरफ्तार आरोपियों में बहादुरगढ़ निवासी सर्वपाल सिंह और उसकी बेटी खुशी अरोड़ा शामिल हैं। बेटी को पहले ही जमानत मिल चुकी है, वहीं सर्वपाल सिंह का चार दिन का पुलिस रिमांड पूरा होने के बाद उसे अदालत में पेश कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। पुलिस के मुताबिक सर्वपाल सिंह पर करीब 50 आपराधिक मामले दर्ज हैं, जिनमें हत्या, धोखाधड़ी, जालसाजी और चोरी जैसे गंभीर आरोप शामिल हैं।
66 ग्राम सोने की ठगी, 56 ग्राम बरामद
जांच में सामने आया है कि आरोपियों ने करीब 66 ग्राम सोने की धोखाधड़ी की। पुलिस ने इसमें से 56 ग्राम सोना बरामद कर लिया है, जबकि बाकी 10 ग्राम की राशि शोरूम मालिक के खाते में ट्रांसफर किए जाने की बात सामने आई है, जिसकी पुष्टि अभी की जा रही है।
कैसे करते थे ठगी?
शिकायतकर्ता यतिन गोयल के अनुसार, आरोपी बार-बार शोरूम पर आकर सोना बेचते थे और बदले में असली सोना या नकद लेकर चले जाते थे। बाद में जब खरीदे गए सोने को पिघलाया गया तो पता चला कि उसमें ऊपर केवल सोने की परत चढ़ी हुई थी, जबकि अंदर सस्ती धातु भरी हुई थी। इसी वजह से जांच मशीनें भी धोखा खा जाती थीं।
पुलिस के मुताबिक आरोपी 12 ग्राम की नकली अंगूठी देकर बदले में 8 ग्राम असली सोना या ज्वेलरी ले लेते थे और साथ में बाकी रकम नकद भी हासिल कर लेते थे। इस तरीके से उन्होंने कई बार वारदात को अंजाम दिया।
जांच जारी, और खुलासों की उम्मीद
पुलिस का कहना है कि अभी कई सवालों के जवाब मिलना बाकी हैं, जैसे कि क्या यह नकली सोना अन्य लोगों को भी बेचा गया है या नहीं। बाकी 6 आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद ही मामले में और बड़े खुलासे होने की संभावना है।


